!! ॐ !!


Saturday, September 25, 2010

!! राधे को नज़र नाहि लागन दे... !!


 जय जय श्री ठकुरानी राधे
जय जय श्री श्यामसुन्दर
  जय जय श्री महारानी राधे



मैं जब कभी भी श्री श्यामसुन्दर के वाम अंग में सुशोभित चंद्र-चकोरी, गौरवर्ण श्री राधे जी के दर्शन करता हूँ तो अक्सर सोचता हूँ... यह केवल एकमात्र श्री श्यामसुन्दर का ही प्रभाव है, जो कि श्री राधा जी के अद्वितीय सुन्दर रूप को बुरी नजरो से बचाती होंगी... अक्सर देखा जाता है कि, हम लोग किसी को नज़र से बचाने के लिए उनके गाल या मस्तक पे एक काला टिका लगा दिया करते है... ठीक वैसे ही, हम सबकी प्यारी-प्यारी, गोरी-गोरी चांद के सामान "श्री राधे" को हम सबके प्यारे-प्यारे कारे-कारे कारि टिकी के सामान श्री श्यामसुन्दर उनके निकट विराजित हो श्री वृषभानु दुलारी को नज़र लगने से बचाते है... मुझे तो अब ऐसा ही प्रतीत-सा होने लगता है, कि श्री श्यामसुन्दर ने श्री राधा जो को नज़र न लग जाये इसलिए ही अपना इस श्यामवर्ण को अंगीकार किया...


आइये प्रस्तुत पंक्तियों में इस भाव के माध्यम से इन तथ्यों का रसास्वादन करे...


गोरी राधे चाँद समान... कारि टिकी मेरो श्याम...
राधे को नज़र नाहि लागन दे...
राधे को नज़र नाहि लागन दे...


गोरे गोरे मुखड़े पे छाई, कान्हा की परछाई ..
दुल्हन के माथे पे जैसे, कारि टिकी लगाई...
गोरी राधे चाँद समान... कान्हा रखता उसका ध्यान...
राधे को नज़र नाहि लागन दे...
राधे को नज़र नाहि लागन दे...


गोरी गोरी राधे जी का, कितना श्याम दीवाना...
राधे जी की नज़र उतारण कारा हो गया कान्हा...
गोरी राधे चाँद समान... कान्हा रखता इसकी शान...
राधे को नज़र नाहि लागन दे...
राधे को नज़र नाहि लागन दे...


















और फिर कभी-कभी मैं सोचता हूँ, कि...


अगर कन्हैया गोरा होता,राधा होती कारि...
जितना ध्यान कन्हैया रखता, उतना ही राधे प्यारी...
तो प्रेमियों निकला ये परिणाम, दोनों एक दूजे की जान...
राधे को नज़र नाहि लागन दे...
राधे को नज़र नाहि लागन दे...


नज़र लगे या नहीं लगे पर, जोड़ी लगती प्यारी...
हम तो इस कारे के दीवाने, कारे पे ही बलिहारी...
चाहिए 'बनवारी' कल्याण, श्याम को बोलो राधेश्याम...
राधे को नज़र नाहि लागन दे...
राधे को नज़र नाहि लागन दे...


गोरी राधे चाँद समान...कारि टिकी मेरो श्याम...
राधे को नज़र नाहि लागन दे...
राधे को नज़र नाहि लागन दे...


                  जय जय श्री ठकुरानी राधे
                  जय जय श्री श्यामसुन्दर
                  जय जय श्री महारानी राधे


2 comments:

  1. Mukesh,

    Aapka blog bahut sunder hai, aur aapki rachnayein bhajan bhi sunder bhaav se bhare hain.
    Surinder Ratti
    Mumbai

    ReplyDelete
  2. sabhi krishan bhakto k liye aapka blog ek ati sndar tohfa hai.........
    iske liye hm aapka dil se shukriya karte hai

    hare krishna

    ReplyDelete

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